Divyang Logon Ke Prernadayak KahaniyaDivyang Logon Ke Prernadayak Kahaniya

Divyang Logon Ke Prernadayak Kahaniya

Availability: In stock
Divyang Logon Ke Prernadayak Kahaniya

ISBN: 9789386473899

Author: Sudha Menon & V R Ferose

Publisher : Vitasta

Price: Rs. 299

Binding: PB

Language: English

Year: 2020

PREVIEW

299 ₨

About the Book

ऐसा क्यों है कि हम विभिन्नता की सबसे महत्वपूर्ण अभिव्यक्तियों में एक, यानी क्षमताओं में भिन्नता का जश्न मनाना अमूमन भूल ही जाते हैं? मौजूदा वक़्त में दुनिया भर में दिव्यांगो को मुख्यधारा में लाने के लिए काफ़ी बेहतर काम हो रहे हैं, लेकिन भारत में अभी भी दिव्यांगों के ज़िन्दगी पहाड़ चढ़ने जितनी ही दुरुह है। इस समाज ने उन पर विकलांग नाम का लेबल चस्पा कर दिया है और वो आज भी उसी लेबल के साथ एक दोयम दर्जे की ज़िन्दगी जीने को मजबूर हैं। उनमें ज़्यादातर जमाने की तेज़ रफ़्तार चाल के सामने कहीं बहुत पीछे छूट गए हैं। विख्यात कृतियों ‘लेगेसी’ और ‘लीडिंग लेडीज़’ की लेखिका सुधा मेनन और SAP के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट वी.आर फ़िरोज़ (प्रतिष्ठित इंडिया इन्क्लूज़न समिट के संस्थापक) के द्वारा लिखी गई ये किताब उन भारतीयों की दास्तान है, जो न तो किसी बड़ी कंपनी के सीईओ हैं और ना ही किसी प्रभावशाली लॉबी का हिस्सा हैं, लेकिन ये लोग अपने आप में बेहद खास और सम्पूर्ण हैं। ये असाधारण कहानियाँ हम सामान्य और शारीरिक रूप से सक्षम लोगों के लिए भी प्रेरणास्त्रोत हैं

About the Author

वी.आर. फ़ीरोज़ वर्तमान में SAP AG ग्लोबलाइज़ेशन सर्विस के लिए सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हैं। वो SAP लैब्स इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर भी रह चुके हैं। समाज में व्याप्त असमानता और भेदभाव के प्रति बेहद संवेदनशील फ़ीरोज़ ने समावेशन को बढ़ावा देने के लिए ‘इंडिया इन्क्लूज़न समिट’ नाम का अनूठा प्लैटफ़ॉर्म तैयार किया है। वो स्पेशलिस्ट पीपल फ़ाउंडेशन के ऑन बोर्ड डॉयरेक्टर भी हैं, इस संगठन का लक्ष्य ऑटिज़्म पीड़ितों के लिए दुनिया भर में 10 लाख नौकरियाँ पैदा करना है। वो कर्नाटक सरकार के ‘द विज़न ग्रुप ऑफ़ टेक्नॉलजी’ के सदस्य भी हैं। वो ‘ग्लोबल शेपर्स’ कर्नाटक के सह संस्थापक भी हैं। यह संगठन युवाओं में नेतृत्व क्षमता के विकास के लिए काम करता है। कार्यक्षेत्र में अपनी कुशल नेतृत्व क्षमता, समाज के प्रति प्रतिबद्धता और एक बेहतर कल की खातिर किए गए अमूल्य प्रयासों के लिए फ़ीरोज़ वर्ल्ड इकोनॉमिक फ़ोरम के द्वारा 2013 के ‘यंग ग्लोबल लीडर’ सम्मान से भी नवाजे जा चुके हैँ। इकॉनमिक टाइम्स और स्पेंसर स्टुअर्ट ने 2014 में उनको अपनी भारत की ‘टॉप 40 अंडर 40’ लिस्ट में जगह दी है। इस लिस्ट में हर साल देश भर के 40 ऐसे बिज़नेस लीडर्स को शामिल किया जाता है, जिन्होने 40 साल से कम उम्र में ही अपने काम का दुनिया में लोहा मनवाया हो।

There are yet no reviews for this product.
ATTIC INSULATIONLONG DISTANCE MOVINGадвокатыфотографы